बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ ये हो क्या रहा? पहले इस्कॉन को किया बंद और अब दो और संतों की हुई गिरफ्तार

बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के लोगों को निशाना बनाना बे रोकटोक जारी है. कुछ दिन पहले इस्कॉन टेंपल को बंद कराया गया और इसके एक दिन बाद ही इस्कॉन के पुजारी चिन्मय कृष्ण दास को भी गिरफ्तार कर लिया गया.बांग्लादेश इतने पर ही नहीं रुका उसने एक दिन बाद चिन्मय कृष्ण दास समेत कई लोगों के एकाउंट को भी फ्रीज कर दिया. और अब खबर आ रही है कि बांग्लादेश ने दो और संतों को गिरफ्तार कर लिया है. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार ये दोनों संत भी इस्कॉन से ही जुड़े हुए हैं. और उन्हें उस वक्त गिरफ्तार किया गया जब वह चिन्मय कृष्ण दास को खाना देने गए थे. बाद में बताया गया कि इन दोनों संतों को पास के जेल में भी भेज दिया गया है. 

Latest and Breaking News on NDTV

इस्कॉन कोलकाता ने भी किया दावा 

इस्कॉन कोलकाता के प्रवक्ता राधारमण दास ने बांग्लादेश में इस्कॉन के संतों पर हो रहे 'हमलों' को लेकर एक बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि इस्कॉन के खिलाफ बांग्लादेश में घटनाएं लगातर हो रही हैं. अब सूचना मिली है कि वहां दो और हिंदू ब्रह्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है. राधारमण ने इस घटना की जानकारी सोशल मीडिया पर पोस्ट करके भी दी है. उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा है कि इस बीच बुरी खबर आई है. चिन्मय प्रभु  के लिए प्रसाद लेकर गए दो ब्रह्मचारियों को मंदिर लौटते समय गिरफ्तार कर लिया गया है. सूचना आ रही है कि चिन्मय प्रभु के सचिव भी लापता हैं. कृपया उनके लिए प्रार्थना करें. 

Latest and Breaking News on NDTV

आपको बता दें कि राधारमण ने बांग्लादेश में मौजूदा हालात पर यह कोई पहला पोस्ट नहीं किया है. उन्होंने कुछ दिन पहले एक पोस्ट कर कहा था कि एक और ब्रह्मचारी श्री श्याम दास प्रभु को आज चटोग्राम पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया. राधारमण ने शनिवार को भी एक पोस्ट किया था. क्या वह आतंकवादी जैसा दिखते हैं? बांग्लादेश के इस्कॉन के निर्दोष ब्रह्मचारियों को रिहा किया जाए. इस्कॉन के ब्रह्मचारियों की गिरफ्तारी बेहद चौंकाने वाली और परेशान करने वाली है.  

बांग्लादेश में हिंदुओं के समर्थन में आरएसएस करेगा विरोध-प्रदर्शन

बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ मध्य प्रदेश की व्यापारिक नगरी इंदौर में 4 दिसंबर को बड़ा विरोध-प्रदर्शन होने वाला है. इसमें इंदौर के आम नागरिकों और राज्य में सत्तारूढ़ भाजपा की भी हिस्सेदारी रहेगी. बांग्लादेश में सत्ता परिवर्तन के बाद कट्टरपंथी लोग हिंदुओं को निशाना बना रहे हैं और उन्हें प्रताड़ित कर रहे हैं. कई मामलों में हत्याएं भी हो रही हैं. इसी को लेकर इंदौर के आरएसएस कार्यालय में संघ के अनुषांगिक संगठनों के अलावा भाजपा के नेता जमा हुए. बैठक में तय किया गया कि 4 दिसंबर को विरोध-प्रदर्शन किया जाए.

Latest and Breaking News on NDTV

कार्यक्रम के संयोजक पंकज पवार ने संवाददाताओं को बताया कि बांग्लादेश में सत्ता परिवर्तन के बाद हिंदुओं पर अत्याचार हो रहे हैं. इसके विरोध में समस्त हिंदू समाज एक है. उसी को लेकर बैठक में तय किया गया है कि 4 दिसंबर को विरोध-प्रदर्शन के लिए बड़ी संख्या में लोग लालबाग पर इकट्ठा होंगे और जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपेगे. भाजपा के जिलाध्यक्ष चिंटू वर्मा ने कहा कि बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ 4 दिसंबर को इंदौर में प्रस्तावित आंदोलन-प्रदर्शन में महानगर के साथ ग्रामीण इलाकों के लोग भी बड़ी संख्या में शामिल होंगे. आंदोलन में सभी हिंदू समाज के प्रतिनिधियों के साथ संघ परिवार की विचारधारा के संगठन सम्मिलित हो रहे हैं. बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ जो बर्ताव हो रहा है, वह चिंताजनक है. देश में अन्य देशों के साथ बांग्लादेश के लोग भी सुरक्षित तरीके से रहते हैं.



from NDTV India - World https://ift.tt/4ARaEgT

Comments

Popular posts from this blog