गाजा में तत्काल युद्धविराम वाला UN का प्रस्ताव नहीं हुआ पास, अमेरिका के वीटो की वजह से खारिज

इजरायल-गाजा युद्ध को 2 महीने बीत चुके हैं, लेकिन अब तक संघर्ष विराम थमने का नाम नहीं ले रहा है. रिपोट्स के मुताबिक पिछले चौबीस घंटों में इजरायली हमलों में गाजा में 300 लोग मारे गए हैं. इस बीच गाजा में युद्धविराम (Gaza Ceasefire UN Resolution) का लगातार आह्वान किया जा रहा है. सीजफायर की ऐसी ही संयुक्त राष्ट्र की एक कोशिश को अमेरिका ने शुक्रवार को रोक दिया. UN के सीजफायर का प्रस्ताव को अमेरिका की वजह से पास नहीं हो सका. अमेरिका के प्रस्ताव पर वीटो कर दिया.

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UN के प्रस्ताव पर अमेरिका ने फेरा पानी

UN की तरफ से पेश किए गए प्रस्ताव में गाजा में तत्काल सीजफायर और बिना शर्त सभी बंधकों की रिहाई की मांग रखी गई थी. इस प्रस्ताव के पक्ष में 13 सदस्य देशों वोट किया लेकिन अमेरिका के इसके खिलाफ वीटो (US Veto For Resolution) कर दिया. दरअसल 7 अक्टूबर को इजरायल पर हुए हमालों के बाद यहूदी देश ने हमास को जड़ से मिटा देने की कसम खाते हुए गाजा में अपने हमले लगातार जारी रखे हैं. वहीं अमेरिका इजरायल को पूरा सपोर्ट कर रहा है.

US ने UN के तत्काल युद्धविराम प्रस्ताव पर लगाया वीटो

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने तत्काल युद्धविराम के लिए आपातकालीन सुरक्षा परिषद की बैठक बुलाने के लिए संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 99 का इस्तेमाल किया, बता दें कि अनुच्छेद 99 का इस्तेमाल बहुत ही रेयर किया जाता है. उन्होंने बंधकों की रिहाई की अपील करते हुए कहा कि "हमास द्वारा की गई क्रूरता कभी भी फिलिस्तीनी लोगों की सामूहिक सजा को उचित नहीं ठहरा सकती." इस बीच इजरायल की मदद करने वाले अमेरिका ने UN के प्रस्ताव पर वीटो कर दिया. 

गाजा की 80 फीसदी आवादी विस्थापित-UN

हमास द्वारा संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, लड़ाई में फिलिस्तीनी क्षेत्र में अब तक 17,487 लोग मारे गए हैं, जिनमें ज्यादातर महिलाएं और बच्चे हैं. इजरायली आंकड़ों के मुताबिक, हमास ने इजरायल में हमला कर 1,200 लोगों की जान ले ली, वहीं 200 से ज्यादा को बंधक बना लिया. इजरायल ने गाजा के विशाल क्षेत्र को बंजर भूमि में तब्दील कर दिया गया है. संयुक्त राष्ट्र का कहना है कि करीब 80 प्रतिशत आबादी विस्थापित हो गई है, खाना, पानी, दवा और ईंधन के लिए लोगों को बहुत ही परेशान होना पड़ रहा है.

WHO के प्रवक्ता क्रिश्चियन लिंडमियर ने कहा, "लोग गर्मी पाने या शायद खाना पकाने के लिए थोड़ी सी जलाऊ लकड़ी पाने के लिए टेलीफोन के खंभों को काटना शुरू कर रहे हैं." वहीं डॉक्टर्स विदाउट बॉर्डर्स (एमएसएफ) ने कहा कि सुरक्षा परिषद "चल रहे नरसंहार में शामिल थी."

"कई मोर्चों पर लड़ाई"

इज़रायल की सेना ने भूमध्य सागर में नेवी जहाजहमलों के फुटेज दिखाते हुए कहा कि उसने 24 घंटों में गाजा में 450 ठिकानों को निशाना बनाया है. वहीं हमास के स्वास्थ्य मंत्रालय ने उत्तर में गाजा शहर के पास 40 लोगों की मौत और जबालिया और मुख्य दक्षिणी शहर खान यूनिस में दर्जनों लोगों की मौत की सूचना दी.

गाजा के रहने वाले रिमाह मानसी ने न्यूज एजेंसी एएफपी को बताया कि उन्होंने उन सभी अपनों को खो दिया, जिनसे वह प्यार करते हैं. इसके साथ ही उन्होंने कहा, "ईश्वर उन लोगों को दंडित करें जो हमारी पीड़ा देखकर शांत हैं. बता दें कि संघर्ष विराम के दौरान इजरायल के भी 91 सैनिकों की जान चली गई है. 

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