Dilip Kumar: ‘सिनेमा की तासीर मजहब के मतभेद भुला देती है’, पांच मिनट में समझिए 54 साल का तिलिस्म

साल भर रुकते दिलीप कुमार तो जमाना उनके सौ साल के होने का जश्न धूमधाम से मनाता। लेकिन, उससे पहले पूरे देश और दुनिया में मातम है। दिलीप कुमार नहीं रहे। सांसों की आवाजाही में लगातार रुकावट होती रही।

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